Savereign Gold Bond क्या है ? Savereign गोल्ड बॉन्ड के फायदे तथा इसमें इन्वेस्ट करने के तरीके

पिछले 70 से 80 सालों में सोने ने लगभग 11-12 परसेंट का रिटर्न दिया है यानी की एफडी से ज्यादा सारे ट्रेडिशनल इंस्ट्रूमेंट से ज्यादा सोना तो सोना बहुत अच्छा इन्वेस्टमेंट ऑप्शन है लेकिन जब हम इस रिटर्न को कैलकुलेट कर रहे हैं तब 10 11 12 परसेंट तो हम यह नहीं सोच रहे हैं की इस सोने को स्टोर करने में और बाकी सारे चार्जेस कितने लगते हैं जैसे कि पहला है मेकिंग चार्जेस अगर आप ज्वेलरी लेते हैं तो मेकिंग चार्जेस बहुत ज्यादा लगते हैं लेकिन अगर आप गोल्डकॉइन भी लेते हैं तो उसमें भी मेकिंग चार्जेस रखते हैं यह मेकिंग चार्जेस आपकी रिटर्नस को कम कर देती है क्योंकि जब आप इसे बेचने जाते हैं तो आपको कीमत केवल सोने की ही मिलती है मेकिंग चार्जेस कि नहीं साथ ही हमें हमेशा सोने की शुद्धता की भी चिंता रहती है अगर किसी अनब्रांडेड छोटे से सोने दुकान से ले लो तो भ्रम हो जाता है कि वह सोना सच में उतना का है कि नहीं जितना व दुकानदार कह रहा है और अगर किसी ब्रांडेड बड़े शोरूम से ले आओ जहां प्योरिटी की गारंटी है तो वहां मेकिंग चार्जेस बहुत हो जाते हैं तो ऐसे में समझ में नहीं आता कि प्योरिटी की तरफ जाएं या फिर लो मेकिंग चार्जेस की तरफ तीसरा अगर आप मैं सोना खरीद लिया तो आप समझ में नहीं आता किसकी सेफ्टी का ख्याल कैसे रखें अगर घर में सोना रखें तो हमेशा चोरी होने का डर बना रहता है यहां तक कि बैंक लॉकर्स में भी सोना पूरी तरीके से सुरक्षित नहीं होता तो सोने को कैसे सुरक्षित ढंग से दूर करके रखें या दुविधा हमेशा हमारे मन में बनी रहती है और इस कारण लोग ज्यादा सोना खरीदते भी नहीं कि रखेंगे कहां पर सोने की सबसे बुरी बात यह है कि जब तक सोना आपके पास है तब तक आप उसे पैसे नहीं कमा सकते जब तक आप सोने को बेच नहीं लेते तब तक आपके पास पैसा नहीं आता तो इसका क्या तरीका है चलिए आपको बताते हैं आपको इन सारी समस्याओं का समाधान क्या है।

SAVEREIGN GOLD BOND :-

भारत सरकार की एक स्कीम है शर्लिन गोल्ड बॉन्ड कुछ साल पहले यह स्कीम लांच हुई थी शायद आप लोगों ने यह सुना भी होगा इसमें आप इसमें सोना आप एक सर्टिफिकेट के फॉर्म में अपने डिमैट अकाउंट मे रख सकते हैं डिमैट अकाउंट जहां आपके शेयर और म्यूचुअल फंड स्टोर रहते हैं वही आपका सोना भी हो स्टोर जाएगा क्योंकि यह सर्टिफिकेट फॉर्म में होगा इसलिए इसके चोरी का कोई डर नहीं होगा डीमेट में सबकुछ बहुत सुरक्षित रखा होता है तो आपको लौकरिया बैंक लॉकर यह सब की चिंता बिल्कुल नहीं करनी होगी आपने सोना खरीदा 100 विन गोल्ड बॉन्ड वह पूरी तरीके से सुरक्षित है।

Purity :-

दूसरी बात आती है प्योरिटी की जो क्योंकि यह सावरेन गोल्ड बॉन्ड गवर्नमेंट की है इसे गवर्नमेंट यीशु करती है जब भी आप इसे बेचेंगे आप इसे रिडीम करेंगे आरबीआई एक एक फिक्स लिमिट दी है कि आप यह सॉवरेन गोल्ड बांड खरीदते हैं तो आप इसे कुछ सालों बाद आरबीआई को वापस दे सकते हैं तो जब आरबीआई को आप फंसा डिफिकेट वापस करते हैं तो आरबीआई आपको उस समय जो सोने की कीमत है जैसे अगर आपने आज सोना लिया 2022 में और 2026 में आप उसे आरबीआई को वापस कर रहे हैं तो 2026 में जो सोने की वैल्यू होगी तो आपको पूरी की पूरी वह वैल्यू मिलेगी क्योंकि सर्टिफिकेट है यह सरकार ने ही शुरू किया है तो इसमें मिलावट होने का या पूरी कीमत ना मिलने का सवाल ही नहीं उठता तो इसमें आपकी सेफ्टी की प्रॉब्लम भी खत्म हो जाती है और प्योरिटी की प्रॉब्लम भी खत्म हो जाती है अब क्योंकि यह सिर्फ कागज का एक सर्टिफिकेट है ना कि गोल्ड कॉइन या फिर कोई ज्वेलरी तो मेकिंग चार्जेस इसमें बिल्कुल भी नहीं लगते तो इसमें आपके मेकिंग चार्जेस बच जाते हैं और क्योंकि यह इलेक्ट्रॉनिक सर्टिफिकेट है तो इसमें पॉलिशिंग या बाकी चीजों के खर्चे भी नहीं लगते

Sovereing gold bond के फायदे :-

अगर आपने सावरेन गोल्ड बॉन्ड लेते हैं तो जितना गोल्ड आपने खरीदा है जैसे-जैसे यह बिल्कुल 1 ग्राम सोना खरीदना या 10 ग्राम सोना खरीदने जैसा है अगर आप 10 ग्राम के सर्टिफिकेट ले लेते हैं जो लगभग ₹30000 के आसपास हैं तो उस ₹30000 पर आपको 2:75% ब्याज भी मिलेगा हर साल यानी कि सोना जब आप भेजेंगे तो उस समय जो सोने का दाम है वह तो आपको मिलेगा ही मिलेगा लेकिन जितने साल आप उस सर्टिफिकेट को रखते हैं तो हर साल आपको 2:45 परसेंट आपके सोने पर आपको ब्याज भी मिलेगा तो यह सुनाना सिर्फ बेचने पर कमाई देगा बल्कि रेगुलर इनकम भी देगा साल में दो बार आपको या ब्याज आधा आधा करके मिलेगा आपके अकाउंट में तू सोने की जो सबसे बड़ी प्रॉब्लम थी पड़े पड़े वह कुछ अर्निंग नहीं दे रही थी इस स्कीम से वह परेशानी खत्म हो जाएगी

दूसरी सबसे बड़ी खासियत यह है कि जब भी आप पास होना बेचेंगे आरबीआई को रिडीम कराएंगे तो आपने जो भी कमाया सोने की वैल्यू जो भी बड़ी जैसे अगर आप आप ₹30000 का सोना खरीद रहे हैं और 8 साल बाद आप उठे उसे 60000 70000 रुपए में बेच रहे हैं ₹40000 कमाए इस पर आपको कोई टैक्स नहीं देना पड़ेगा नहीं लेगा तो वह पूरा का पूरा मुनाफा आपका होगा

कैसे खरीद सकते हैं आप सॉवरेन गोल्ड बांड अपने बैंक के जरिए खरीद सकते हैं अपने बैंक में जाकर आप एप्लीकेशन दे सकते हैं बैंक की वेबसाइट या फिर अगर आप बैंक जाएंगे तो आपको बता दिया जाएगा की अगली बार सावरेन गोल्ड बॉन्ड सब्सक्रिप्शन के लिए कब ओपन होने वाला है तब आप उसे खरीद सकते हैं इसके अलावा एक बात का ध्यान रखना जरूरी है कि अगर आज आपने सावरेन गोल्ड बॉन्ड खरीदा उसमें 8 सालों तक आपको बने रहना होगा कि 8 साल बाद आरबीआई आपसे वह वापस खरीदेगा एक बात उसमें ध्यान देने लायक यह है लेकिन एक बार इसमें ध्यान देने लायक किया है कि इस बॉन्ड की मैच्योरिटी 8 साल की है जाने कि आरबीआई आप से 8 साल बाद इस सर्टिफिकेट को खरीदेगा और आपको 8 साल बाद जो मूल्य है उस मूल्य से आपके पैसे दे देगा इसमें एक ऑप्शन यह भी है कि 5 साल बाद आप अपने सर्टिफिकेट को रिडीम करा सकते हैं लेकिन अगले 3 साल का छठवां सातवां और आठवां साल का आपको इंटरेस्ट नहीं मिलेगा लेकिन हर हालत में कम से कम 5 साल तक अगर आपने सर्टिफिकेट खरीदा तो आपको इसको रखना पड़ेगा जिससे कि लॉकिंग भी कहा जाता है इसे लॉकिंग भी कहा जाता है।

स्टॉक मार्केट में कैसे बेचे ? :-

आप अपने सर्टिफिकेट को स्टॉक मार्केट में भेज भी सकते हैं आप इसे खरीदने के कुछ दिन बाद ही स्टॉक मार्केट में इसे भेज सकते हैं या फिर या फिर जैसे अभी कोई सब्सक्रिप्शन ओपन नहीं है और आपको सॉवरेन गोल्ड बांड तुरंत खरीदना है तो आप स्टॉक मार्केट से सावरेन गोल्ड बॉन्ड खरीद सकते हैं कई से लैस होते हैं जोबान खरीद लेते हैं और फिर वह स्टॉक मार्केट में उसे बेच देते हैं तो आप उनके वांट खरीद सकते हैं या फिर अपने पास रखें बॉन्ड्स को भी आप शेयर मार्केट में भेज सकते हैं शेयर्स की तरह इसे आप जब चाहे तब 24 गोल्ड बॉन्ड खरीद सकते हैं और जब चाहे तब आप उसे भेज सकते हैं बस फर्क यह है कि अगर आप 5 साल रुक ना चाहेंगे या 8 साल रुकना चाहेंगे तो आपसे आरबीआई अब लेगी लेगी और आपको पैसे दे ही देगा और उस समय जो सोने की वैल्यू है वह उस हिसाब से देगा लेकिन अगर आप 5 साल नहीं रुकना चाहते तो आरबीआई तो आपसे लेगा नहीं तो इसे आपको शेयर बाजार में बेचना पड़ेगा तो शेयर बाजार में कोई होना सेलर चाहिए तो अगर आप भेजना चाहते हैं और कुछ खरीदने को मिल नहीं रहा है लिक्विडिटी ही नहीं है तो आप भेज नहीं सकेंगे और दूसरा शेयर मार्केट में जो उस बांड का भाव चल रहा है आपको उस भाव पर उसे उस बांड को बेचना पड़ेगा जरूरी नहीं है कि जो बाजार में सोने का भाव चल रहा है वही भाव वही आपकी बांड का शेयर मार्केट में चल रहा हूं।

कुछ ब्रोकर्स मार्केट में है जैसे कि जीरोधा यह सारे सब रिंग गोल्ड बॉन्ड नहीं अलाउड करते क्योंकि इनके पास वह सिस्टम ही नहीं है सिर्फ कुछ ही ब्रोकर है जो यह सुविधा प्रदान करते हैं तो आपके पास सबसे अच्छा यही है कि आप गोल्ड को खरीद कर उसे के मेजॉरिटी होने तक उसे अपने पास रखें या फिर आप उसे अपने ब्रोकर से खरीदे या फिर जब गवर्नमेंट ऑफर करती है तब आप उसे करी दे गवर्नमेंट साल में दो-तीन बार यह ऑफर करती है।

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आज हमने सीखा :-

मैं आशा करता हूँ आप लोगों को
( गोल्ड बॉन्ड) के बारे में समझ आ गया होगा. मेरा आप सभी पाठकों से गुजारिस है की आप लोग भी इस जानकारी को अपने आस-पड़ोस, रिश्तेदारों, अपने मित्रों में Share करें, जिससे की हमारे बिच जागरूकता होगी और इससे सबको बहुत लाभ होगा.

मुझे आप लोगों की सहयोग की आवश्यकता है जिससे मैं और भी नयी जानकारी आप लोगों तक पहुंचा सकूँ.लेकिन फिर भी अगर आपको हमारी इस पोस्ट मे गोल्ड बॉन्ड की पूरी जानकारी में कहीं कोई कमी दिखाई दे तो कृपया कमेंट बॉक्स में अपनी राय दे और हमें उस कमी को सुधारने में मदद करें ,धन्यवाद यदि आपको मेरा यह लेख अच्छा लगा हो या इससे आपको कुछ सिखने को मिला हो तब अपनी प्रसन्नता को दर्शाने के लिए कृपया इस पोस्ट को Social Networks जैसे कि Facebook, Twitter इत्यादि पर share कीजिये.

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